Gurugram: सफाई के नाम पर लापरवाही करने वाली एजेंसी पर लगा साढ़े चार करोड़ का जुर्माना,अधिकारियों से भी मांगा जवाब
निगम की जांच में सामने आया कि साल 2023 से दिसंबर 2024 तक की बिल अदायगी में भी एजेंसी ने पूरे 1997 मैनपावर के अनुसार पेमेंट निगम से उठाई है, जो कि लगभग 90 करोड़ रुपये की राशि बनती है। निगम आयुक्त ने इस पर जांच के आदेश दिए हैं।

Gurugram News Network – नगर निगम मानेसर ने आकांक्षा एंटरप्राइजेज पर लगभग 4.50 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है। फरवरी 2023 में आकांक्षा एंटरप्राइजेज को नगर निगम मानेसर का रोड स्वीपिंग, पुश अप रोटेटिंग और ड्रेन का कांट्रैक्ट दो साल के लिए दिया गया था। पूरे प्रोजेक्ट की लागत 105 करोड़ रुपये थी। एजेंसी को हर महीने औसतन 4.30 करोड़ के लगभग भुगतान किया जा रहा था।
निगम की जांच में सामने आया कि साल 2023 से दिसंबर 2024 तक की बिल अदायगी में भी एजेंसी ने पूरे 1997 मैनपावर के अनुसार पेमेंट निगम से उठाई है, जो कि लगभग 90 करोड़ रुपये की राशि बनती है। निगम आयुक्त ने इस पर जांच के आदेश दिए हैं।

आकांक्षा एंटरप्राइजेज ने अनुमानित 1997 सफाई कर्मचारियों के बजाय कम कर्मचारी लगाए थे, जिसके कारण नगर निगम मानेसर की सफाई शाखा और बिल संबंधी अधिकारियों ने लगभग साढ़े चार करोड़ रुपये की पेनल्टी लगाकर वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी भेजी गई। जुलाई 2024 से फरवरी 2025 तक लगाए गए मैनपावर की जानकारी दर्शाती है कि किस तरह निगम में 1/4 मैनपावर पर ही आकांक्षा एंटरप्राइजेज ने हर महीने 100% मैनपावर की पेमेंट निगम से ली है।
मामला पूरा संज्ञान में आने के बाद कमिश्नर ने जिन कर्मचारियों की के कार्य में कमी पायी है उनको शोकॉज नोटिस भेजे एवं अपने उच्च अधिकारियों को भी लिखा कि इन लोगो पर कड़ी कार्रवाई करे
पटौदी विधायक ने भी कई बार निगम से कहा था कि आकांक्षा एंटरप्राइजेज पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए और एसडब्ल्यूएम पोर्टल के माध्यम से ही पेमेंट की जाए। इसे ध्यान में रखते हुए एजेंसी पर 4.50 करोड़ रुपये का चालान लगाया गया है और साथ ही निगम मुख्यालय को जांच भी सौंपी जाएगी।
आकांक्षा एंटरप्राइजेज इससे पहले भी अपनी कार्यशैली को लेकर ब्लैक लिस्टेड हो चुकी है। कमिश्नर रेनू सोगन ने पूरे मामले का तथ्यपूर्ण विश्लेषण करने के बाद निष्कर्ष निकाला कि सफाई कर्मचारियों की संख्या पूरी नहीं होने और सफाई व्यवस्था में अव्यवस्था के कारण यह जुर्माना उचित है। जुर्माना राशि पता चलने पर आकांक्षा एंटरप्राइजेज़ द्वारा निगम अधिकारियों पर दवाव भी बनाया जा रहा है।

एजेंसी पर पिछले सप्ताह द्वेषभावना में आकर कई करोड़ो का जुर्माना लगाया गया है। एजेंसी प्रतिनिधि का कहना है कि इस जुर्माने की राशि को कम करवाने के लिए उच्च अधिकारियो द्वारा काफी मोटी रकम की मांग भी की जा रही हैं, जिसे मना करने उपरांत नगर निगम द्वारा एजेंसी की छवि ख़राब की जा रही हैं, जिसके विरुद्ध एजेंसी द्वारा हरियाणा के मुख्यमंत्री को लिखित में शिकायत भी की गई है।











